नई दिल्ली। “तुम्हारा खून बहुत मीठा है, इसलिए तुम्हें मच्छर ज्यादा काटते हैं।” यह बात आपने भी सुनी होगी। गौर भी किया हो कि एक ही जगह पर मौजूद लोगों में से कुछ लोग ही मच्छरों के निशाने पर ज्यादा रहते हैं। इसे लेकर कई मिथ प्रचलित हैं, जिनमें ‘मीठा खून होना’ सबसे कॉमन है। अमेरिका की ‘रॉकफेलर यूनिवर्सिटी’ के जर्नल ‘Cell’ में पब्लिश एक स्टडी के मुताबिक, कुछ लोग स्वाभाविक रूप से मच्छरों को ज्यादा आकर्षित करते हैं। इसके पीछे बॉडी ओडर (शरीर की नेचुरल स्मेल) समेत कई बायोलॉजिकल फैक्टर्स हैं।
हर व्यक्ति का बॉडी ओडर (शरीर की नेचुरल स्मेल), सांस के साथ बाहर निकलने वाली कार्बन डाइऑक्साइड और शरीर का तापमान अलग होता है। इनकी वजह से मच्छर कुछ लोगों को ज्यादा काटते हैं। ऐसे में वैज्ञानिकों ने यह समझने की कोशिश की है कि आखिर मच्छर कुछ लोगों ज्यादा क्यों काटते हैं। ‘अमेरिकन जर्नल ऑफ एंटेमोलॉजी’ में पब्लिश एक स्टडी में मच्छरों को अलग-अलग ब्लड ग्रुप के सैंपल दिए गए। इसमें मच्छरों ने ब्लड ग्रुप ‘O’ के सैंपल को दूसरे ब्लड ग्रुप की तुलना में ज्यादा पसंद किया। हालांकि रिसर्चर्स का कहना है कि असल जिंदगी में मच्छर किसे ज्यादा काटेंगे, यह सिर्फ ब्लड ग्रुप पर निर्भर नहीं करता। बॉडी ओडर, पसीना, शरीर का तापमान और दूसरे बायोलॉजिकल फैक्टर भी इसमें अहम भूमिका निभाते हैं।
मच्छर कुछ रंगों की ओर भी ज्यादा आकर्षित होते हैं। ‘नेचर’ जर्नल में पब्लिश एक स्टडी के मुताबिक, गहरे रंग के कपड़े ज्यादा गर्मी सोखते हैं। इसलिए मच्छर उन्हें ज्यादा आसानी से पहचान लेते हैं। वहीं सफेद, हल्का हरा, हल्का नीला और बैंगनी जैसे हल्के रंग मच्छरों को गहरे रंग की तुलना में कम आकर्षित करते हैं। मच्छर इंसानों का पता लगाने के लिए सबसे पहले सांस के साथ बाहर निकलने वाली कार्बन डाइऑक्साइड (CO₂) को पहचानते हैं। इसके जरिए वे दूर से ही इंसान की मौजूदगी का अंदाजा लगा लेते हैं। फूलों जैसी तेज खुशबू वाले कुछ परफ्यूम भी मच्छरों को आकर्षित करते हैं।
हालांकि, बच्चों की स्किन पतली और ज्यादा सेंसिटिव होती है। इसलिए मच्छर के काटने के बाद रेडनेस, सूजन और खुजली उनके शरीर पर ज्यादा स्पष्ट दिखाई दे सकती है। इससे कई बार ऐसा लगता है कि बच्चों को ज्यादा मच्छर काटे हैं। लेकिन इसकी कोई वैज्ञानिक पुष्टि नहीं हो पाई है कि बड़ों के मुकाबले बच्चों को मच्छर ज्यादा काटते हैं या फिर ज्यादा चीनी खाने से मच्छर ज्यादा काटते हैं और तंबाकू खाने या सिगरेट पीने वाले लोगों को मच्छर कम काटते हैं। लहसुन खाने से भी मच्छर दूर रहते हों, ऐसा नहीं है। हां, नींबू और लौंग की खुशबू कुछ समय के लिए मच्छरों को कम आकर्षित कर सकती है, लेकिन इसका असर सीमित होता है।

